मिर्ज़ापुर। ब्राह्मण तो बहाना है सनातन पर निशाना है
आज विंध्याचलधाम स्थित श्री मां विंध्यवासिनी श्रवण वेद पाठशाला में ‘घूसखोर पंडत’ वेब सीरीज के डायरेक्टर और टीम के खिलाफ सामाजिक सद्भाव बिगाड़ने, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने की कोशिश जैसे जघन्य प्रयास के विरोध में ज्योर्तिमठ के गौ प्रवक्ता पं. शुभम् मिश्र जी एवं विंध्याचलधाम के प्रधान अर्चक अगस्त्य द्विवेदी जी के माध्यम में पूज्य शंकराचार्य ज्योतिष पीठाधीश्वर महराज श्री को देश के सनातनी आचार्यों, ब्राह्मणों के सम्मान स्वाभिमान के रक्षणार्थ चल रहे अभियान को अपना नैतिक समर्थन पत्रक प्रदान करते अखिल भारतीय वैश्य महासम्मेलन का प्रतिनिधिमंडल।
प्रतिनिधिमंडल से वैश्य नेता प्रदेश महामंत्री शैलेन्द्र अग्रहरि, अतीन गुप्ता, अनुज उमर आदि लोग उपस्थित रहे।
उक्त अवसर पर ज्योर्तिमठ के (गौ प्रवक्ता) शुभम् मिश्र ने कहा वर्तमान समय में देश में हिन्दू समाज में विभाजन की रेखा खींचने की मुहिम चल रही है, उसी में घी डालने के उद्देश्य से फिल्मों में इस प्रकार का शीर्षक लाकर फिल्म निर्माताओं ने सनातन संस्कृति की जड़ों पर कुठाराघात किया है।
श्री मिश्र ने कहा कि बालीवुड के किसी नचनिये की औकात नहीं है कि वे किसी हमारे वैदिक सनातन संस्कृति के संपोषक पूज्य आचार्यों, पंडितों के त्याग बलिदान व समर्पण को नाप सके।
यह हमारे सनातनी पूज्य आचार्यों पंडितों के खिलाफ गहरी साजिश ही नहीं अपितु सनातन की जड़ों के उन्मूलन कर देश को धर्मांतरण की जड़ों से जोड़ने का कुचक्र रचा जा रहा है।
देश में वृहद हिन्दू एकता की जड़ों को भेदभाव युक्त विभाजन से जोड़ा जा रहा है, देश को जातीय हिंसा की भट्ठी में जलाने का जघन्य प्रयास किया जा रहा है,
हमारा सनातनी समाज, हमारे ब्राह्मण मनीषी सदैव से ही सर्वे भवन्तु सुखिन: के उपासक रहे है, आज भी हमारे ये पूज्य आचार्य पंडित पुरोहित जब अपने सनातनी परिवारों में घर घर जाकर धार्मिक अनुष्ठान कराते है तो प्राणियों में सद्भावना हो, विश्व का कल्याण हो, गौ माता की रक्षा हो जैसे पवित्र यह उद्घोष के माध्यम से समाज की सज्जनशक्ति के मध्य वृहद हिन्दू एकता की सामाजिक समरसता की आधारशिला रखते है।
आज भारत भूमि पर वैदिक सनातन धर्म की मूल ज्ञयेश्वरी पूज्या गौ माता, व पूज्य सनातनी आचार्यों ब्राह्मणों, संतो का अस्तित्व खतरे में है, याद रखें हमारे आराध्य भगवान श्री राम कृष्ण के ने भी धरती पर गौ ब्राह्मणों के मान सम्मान स्वाभिमान के रक्षण के लिए ही अवतरित हुए हमारे पवित्र ग्रंथ श्रीरामचरितमानस ने प्रभु के अवतार के संदर्भ में प्रकाश दिया है – “विप्र धेनु सुर संत हित लिन्ह मनुज अवतार”
इसलिए बंधुओ घुसघोर वो होता है जो किसी लाभ के पद पर बैठकर किसी को उपकृत कर सकता है, हमारे पूज्य आचार्य, पंडित तो सनातन की जड़ों को मजबूत करने के लिए घर घर धर्म की अलख जगाते है, ऐसे भूदेव ऋषियों का अपमान करने वाली इन आसुरी शक्तियों के उन्मूलन के लिए मै संपूर्ण सनातनी समाज का आह्वान करता हूं,
आप सब अपने सनातन मूल्यों , एकात्मकता के रक्षणार्थ, एकजुट होकर समाज के दुर्जनशक्तियों को संदेश दें, साथ ही हमारे सनातन के मान्य चारों पीठों के जगद्गुरु शंकराचार्य जी के मार्गदर्शन में भारतवर्ष में चलाए जा रहे पवित्र गौ रक्षा आंदोलन से जुड़कर, वैदिक सनातन धर्म की मूल गौ माता की हत्या का कलंक भारतभूमि से मिटाने हेतु एकजुट होकर देश के सत्ताधीशों को भारत को गो वध के कलंक से मुक्त करने हेतु जनाग्रह करें, उनसे बोलिए कि आप हिन्दू राष्ट्र बनाने की बात कर रहे है, बिना गौ रक्षा के हिन्दू राष्ट्र की कल्पना मुर्दे के मालिश के समान, हमारी मां की हत्या का कलंक देश के माथे से मिटे यही हम सनातनियों का मूल ध्येय है।
मां विंध्यवासिनी धाम के प्रधान अर्चक पूज्य आचार्य अगस्त्य कुमार द्विवेदी जी ने भी कहा कि ऐसे घृणित सोच के साथ फिल्म निर्देशक समाज में सामाजिक सद्भाव बिगाड़ने का संदेश फैला रहे है, जो कि हमारे सनातन धर्म को कमजोर करने की गहरी साजिश है, इस पर पूर्ण प्रतिबंध लगनी चाहिए, साथ ही समाज में ऐसे अवांछनीय तत्वों पर कठोर दंडात्मक कार्यवाही होनी चाहिए।







